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UPI Payment Rules 2025: अब नहीं कर पाएंगे ये लेन देन!

UPI Payment Rules 2025: सूचना के अनुसार, एनपीसीआई सबसे अधिक उपयोग किए जाने वाले UPI फीचर्स में से पीयर-टू-पीयर ट्रांजैक्शन को हटा देगा। इस फीचर का उपयोग UPI अकाउंट होल्डर्स को पैसे भेजने के लिए किया जाता है।

UPI Payment Rules 2025

UPI Payment Rules 2025

UPI को लेकर अब नया नियम लागू होने जा रहा है, जिसका असर कई ग्राहकों पर पड़ेगा। अगर आप ऑनलाइन पेमेंट के लिए ज्यादातर समय फोन पे, गूगल पे और पेटीएम का इस्तेमाल करते हैं, तो आपको UPI पेमेंट के लिए भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) के नए नियम के बारे में जानना जरूरी है। सूचना के अनुसार, NPCI सबसे ज्यादा इस्तेमाल किए जाने वाले UPI फीचर्स में से पीयर-टू-पीयर ट्रांजैक्शन को हटा देगा। इस फीचर का इस्तेमाल UPI अकाउंट होल्डर्स को पैसे भेजने के लिए किया जाता है। यूजर्स की सिक्योरिटी को मजबूत करने और वित्तीय धोखाधड़ी को कम करने के लिए यह फीचर 1 अक्टूबर 2025 से UPI ऐप्स से हटा दिया जाएगा। जानिए, यह नियम यूजर्स को कैसे प्रभावित करेगा।

UPI पेमेंट का यह नियम क्या है?

29 जुलाई के एक सर्कुलर में एनपीसीआई ने कहा है कि 1 अक्टूबर 2025 से यूपीआई P2P कलेक्ट को यूपीआई में प्रोसेस करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसका मतलब है कि बैंकों और पेमेंट ऐप्स से ‘कलेक्ट रिक्वेस्ट’ सर्विस पूरी तरह हटा दी जाएगी। P2P सर्विस का उपयोग अन्य यूपीआई ऐप यूजर्स को पैसे भेजने के लिए किया जाता है, जिसमें उन्हें पैसा ट्रांसफर करने या बिल पेमेंट करने के लिए रिमाइंड किया जाता है।

फ्रॉड रोकने के लिए आ रहा है यह नियम।

अधिकांश समय यह देखा गया है कि चीटर्स यूज़र्स को फेक यूपीआई रिक्वेस्ट भेजकर, इमरजेंसी के नाम पर पैसे मांग लेते हैं। इसी कारण से एनपीसीआई ने यह फैसला लिया है कि इस फीचर को बंद कर दिया जाए, ताकि फ्रॉड होने से लोगों को बचाया जा सके। पहले P2P लेन-देन की सीमा 2,000 रुपये थी। इससे ठगी के कई मामलों में कमी आई, लेकिन यह उन्हें पूरी तरह रोकने के लिए पर्याप्त नहीं था।

अब केवल इसी तरीके से ही भेजे जा सकेंगे पैसे।

इस फीचर के बंद हो जाने के बाद अब आप पैसे भेजने के लिए 1 अक्टूबर से UPI पिन का इस्तेमाल करके QR कोड या संपर्क नंबर का उपयोग करना होगा। किसी अन्य माध्यम से UPI पेमेंट नहीं हो पाएगा। यह नया UPI पेमेंट नियम फ्लिपकार्ट, अमेज़न, स्विगी और आईआरसीटीसी जैसे व्यापारियों के ट्रांजैक्शन को प्रभावित नहीं करेगा। इन प्लेटफ़ॉर्म को भुगतान पूरा करने के लिए एक कलेक्शन रिक्वेस्ट शेयर करने की अनुमति बनी रहेगी।

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